Santosh Kumar Yadav / Sun, Oct 12, 2025 / Post views : 151
दिन की शुरुआत नुक्कड़ नाटक फाइनल्स से हुई, जहां प्रतिभागियों ने सामाजिक मुद्दों पर प्रभावशाली प्रस्तुतियां दीं। ‘अंतराग्नि आइडल’ में गायकों ने शास्त्रीय और आधुनिक गीतों से दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया, जबकि ‘जिटरबग’ में आधुनिक और स्ट्रीट डांस ने जोश का माहौल बनाया। ‘बैटल ऑफ आर्ट’ और ‘मंडला आर्ट’ में कलाकारों ने अपनी रचनात्मकता से दर्शकों को चकित किया। ‘मेला क्विज़,’ ‘दृष्टिकोण,’ और संसदीय वाद-विवाद ने बौद्धिक माहौल को और समृद्ध किया।
‘कलर रन’ ने कैंपस को इंद्रधनुषी रंगों से भर दिया, जबकि ‘कहानी स्क्रीनिंग’ और ‘किरदार’ जैसे आयोजनों ने भावनात्मक और सामाजिक कहानियों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया। ‘फोटोस्टोरी’ और ‘वांडरलस्ट’ में फोटोग्राफरों ने तस्वीरों के ज़रिए अनकही कहानियां बयां कीं।
रात के अन्य आकर्षणों में ‘ग्रूव एंड सूद’ में कुंज सिंग्स और प्रतीक हरबोला की सुरीली प्रस्तुतियां शामिल रहीं, जिन्होंने माहौल को शांत और भावपूर्ण बनाया। ‘बॉयलर रूम’ सत्र ने संगीत और रोशनी के तालमेल से ऊर्जा को चरम पर पहुंचाया।
‘अंतराग्नि 2025’ चार दिनों तक चली इस सांस्कृतिक यात्रा का समापन सुनिधि चौहान की परफॉर्मेंस के साथ हुआ, जिसने कला, संगीत और उत्साह को एक अनूठे अंदाज़ में पेश किया। यह उत्सव न केवल एक आयोजन था, बल्कि रचनात्मकता और समुदाय की भावना का प्रतीक बन गया, जो हर प्रतिभागी और दर्शक के दिल में अमिट छाप छोड़ गया।
आईआईटी कानपुर के बारे में:-1959 में स्थापित, आईआईटी कानपुर भारत सरकार द्वारा राष्ट्रीय महत्व के संस्थान के रूप में मान्यता प्राप्त है। 1,050 एकड़ के हरे-भरे परिसर में फैला यह संस्थान विज्ञान, इंजीनियरिंग, डिज़ाइन, मानविकी और प्रबंधन जैसे क्षेत्रों में उत्कृष्टता के लिए जाना जाता है। 570 से अधिक फैकल्टी और 9,500 से अधिक छात्रों के साथ, आईआईटी कानपुर नवाचार और शैक्षणिक उत्कृष्टता में अग्रणी बना हुआ है।
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