कानपुर, क़िदवई नगर में चौकी प्रभारी ने छात्र को थप्पड़ और लातों से पिटाई के मामले में,आरोपी दरोगा अमित विक्रम त्रिपाठी को निलंबित

कानपुर। जनपद में पुलिस का कथित बर्बर रवैया एक बार फिर सुर्खियों में है। किदवई नगर थाना क्षेत्र की किदवई नगर चौकी पर ओवरस्पीडिंग के आरोप में रोके गए बाइक सवार छात्र पर चौकी प्रभारी ने थप्पड़ों, लातों और गाली-गलौज की बौछार कर दी।
छात्रों ने अपनी गलती स्वीकार करने की कोशिश की, लेकिन चौकी प्रभारी अमित विक्रम त्रिपाठी और उनके साथी सिपाहियों ने उन्हें खुलेआम पीट दिया। यह घटना चौकी के बाहर हुई, जहां कानून का पाठ पढ़ाने वाले पुलिसकर्मी खुद बेलगाम हो गए।
जानकारी के अनुसार, किदवई नगर क्षेत्र में तेज रफ्तार से बाइक चला रहे एक छात्र को चौकी प्रभारी ने रोका और बाइक को कब्जे में ले लिया। छात्र ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए माफी मांगी और गलती पूछने का प्रयास किया, लेकिन जवाब में चौकी प्रभारी अमित विक्रम त्रिपाठी और उनके साथी सिपाहियों ने गालियों की झड़ी लगा दी। गाली-गलौज के साथ-साथ छात्र पर थप्पड़ बरसाए गए और लातों से पिटाई की गई। आरोप है कि चौकी प्रभारी ने छात्र को बेहोश करने की धमकी भी दी।
घटना चौकी के बाहर हुई, जहां छात्रों को जमकर पीटा गया। एक छात्र ने बताया कि उन्होंने अपनी गलती मान ली थी, लेकिन चौकी प्रभारी नहीं माने और बोले, “मैं किसी से नहीं डरता।” पीड़ित छात्रों को अंततः अपनी गलती दोहरानी पड़ी, जिसके बाद उन्हें छोड़ा गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह घटना पुलिस की मनमानी को उजागर करती है, जहां छोटी-मोटी गलती पर भी युवाओं को निशाना बनाया जा रहा है।
कानपुर में पहले भी पुलिस पर छात्रों के साथ दुर्व्यवहार के आरोप लग चुके हैं। इस घटना ने एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं कि क्या पुलिसकर्मी कानून की रक्षा करने के बजाय खुद हिंसा का सहारा ले रहे हैं? मामले की जांच एसीपी बाबूपुरवा दिलीप कुमार सिंह को सौंपी गई थी। उनकी जांच रिपोर्ट के आधार पर आज, मंगलवार, 07 अक्टूबर 2025 को डीसीपी साउथ दीपेंद्र नाथ चौधरी के आदेश पर चौकी प्रभारी अमित विक्रम त्रिपाठी को निलंबित कर दिया गया है। हालांकि, पीड़ित छात्रों के परिजन इस कार्रवाई से संतुष्ट नहीं हैं और उच्च अधिकारियों से शिकायत करने की तैयारी में हैं। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसके बाद स्थानीय स्तर पर आक्रोश और बढ़ गया है।


